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Friday, June 18, 2021
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ब्लैक फंगस: क्या है, किन्हें है ज्यादा खतरा, और कैसे करें बचाव?

ब्लैक फंगस एक बेहद खतरनाक इंफेक्शन है उन्हीं लोगों पर अटैक कर पाता है जिनकी इम्यूनिटी कमजोर होती है।

कोरोना संक्रमण से उबरने वाले मरीजों में ब्लैक फंगस की समस्या देखने को मिल रही  है। ऐसे कई मरीज सामने आए हैं, जो कोरोना से तो उबर गए, लेकिन ब्लैक फंगस का शिकार होने के चलते उन्हें अपनी जान गंवानी पड़ी। वहीं बड़ी संख्या में ऐसे लोग भी हैं, जिन्हें इस संक्रमण के चलते अपनी आंखों की रोशनी गंवानी पड़ी।  यही वजह है कि देश का स्वास्थ्य महकमा काफी सतर्क हो गया है और आम लोगों को जागरूक करने में जुट गया है।

केंद्र सरकार ने राज्यों से इसे महामारी अधिनियम 1897 के तहत महामारी घोषित करने का आग्रह किया है. ब्लैक फंगस (म्यूकरमाइकोसिस) एक खतरनाक इंफेक्शन है, जो अब तक बहुत ही कम लोगों को होता रहा है. लेकिन पिछले कुछ दिनों के दौरान कोरोना से संक्रमित मरीजों में यह इंफेक्शन बड़ी तेजी से फैला है.

इसके शिकार करीब आधे लोगों की जान चली जाती है. कुछ ऐसे मामले भी सामने आए हैं, जिनमें मरीजों को बचाने के लिए उनकी आंखें तक निकालनी पड़ी हैं. ब्लैक फंगस के सबसे अधिक मामले डायबिटिक लोगों में आ रहे हैं. ऐसे में इन्हें सबसे अधिक सावधानी बरतने की जरूरत है और उन्हें नियमित तौर पर अपना शुगर लेवल चेक करते रहना चाहिए. 

किसे है खतरा?

मजबूत इम्यूनिटी वाले लोगों पर यह अटैक नहीं कर पाता है. जिनकी इम्यूनिटी कमजोर होती है उन्हें यह अपना शिकार बनाता है. निम्नलिखित भी खतरे में रहते हैं:

  1. डायबिटिज के मरीज में जिन्हें स्टेरॉयड दिया जा रहा है.
  2. कैंसर का इलाज करा रहे मरीज.
  3. अधिक मात्रा में स्टेरॉयड लेने वाले मरीज.
  4. ऐसे कोरोना संक्रमित जो ऑक्सीजन मॉस्क या वेंटिलेटर के जरिए ऑक्सीजन सपोर्ट पर हैं.
  5. ऐसे मरीज जिनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बेहद कम है.
  6. ऐसे मरीज जिनके किसी ऑर्गन का ट्रांसप्लांट हुआ हो.

लक्षण:

ब्लैक फंगस आमतौर पर साइनस, मस्तिष्क और फेफड़ों को प्रभावित करता है हालांकि ओरल केविटी या मस्तिष्क के ब्लैक फंगस से सबसे अधिक प्रभावित होने की आशंका रहती है लेकिन कई मामलों में यह शरीर के अन्य हिस्सों को भी प्रभावित कर सकता है जैसे कि गैस्ट्रोइंटेस्टिनल ट्रैक्ट, स्किन और शरीर के अन्य ऑर्गन सिस्टम्स.

  1. नाक से खून आना या फिर काला सा कुछ पदार्थ निकलना
  2. नाक बंद होना
  3. सिर दर्द होना
  4. आंखों में जलन और दर्द होना
  5. आंखों के आसपास सूजन होना
  6. डबल विजन
  7. आंखें लाल होना
  8. दृष्टि कमजोर होना
  9. आंखें बंद करने में परेशानी होना
  10. उल्टी और खांसने में खून आए

रोकथाम:

ब्लैक फंगस की रोकथाम के लिए कुछ चीजें बहुत महत्वपूर्ण हैं:

  1. शुगर कंट्रोल बहुत अच्छा होना चाहिए
  2. स्टेरॉयड कब देने हैं इसके लिए सावधान रहना चाहिए
  3. स्टेरॉइड के बेजा इस्तेमाल से परहेज
  4. इसके बाद सर्जरी के जरिए एग्रेसिव तरीके से डेड टिश्यू हटाए जाने चाहिए, ताकि फंगस को अधिक फैलने से रोका जा सके. इसके बाद उचित दवाइयां दी जानी चाहिए.

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